नई दिल्ली। देश में वित्तीय समावेशन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शुरू की गई प्रधानमंत्री जन-धन योजना (PMJDY) ने 12 वर्ष पूरे कर लिए हैं। योजना के तहत अब तक देशभर में 59.09 करोड़ जन-धन खाते खोले जा चुके हैं। इन खातों में कुल 3.17 लाख करोड़ रुपये जमा हैं। प्रधानमंत्री जन-धन योजना का उद्देश्य बैंकिंग सुविधाओं से वंचित लोगों को औपचारिक बैंकिंग व्यवस्था से जोड़ना था। योजना के माध्यम से लोगों को बैंक खाता, रुपे डेबिट कार्ड, प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) सहित विभिन्न वित्तीय सेवाओं तक पहुंच उपलब्ध कराई गई।

सरकार के अनुसार, जन-धन खातों के विस्तार से गरीब और जरूरतमंद परिवारों तक सरकारी योजनाओं की राशि सीधे पहुंचाने में मदद मिली है। इससे बिचौलियों की भूमिका कम हुई है और वित्तीय सेवाओं की पहुंच गांवों और दूरदराज के क्षेत्रों तक बढ़ी है। जन-धन योजना के तहत खोले गए खातों में बड़ी संख्या महिलाओं और ग्रामीण क्षेत्रों के लाभार्थियों की है। योजना को देश में वित्तीय समावेशन की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।
12 वर्षों में 59.09 करोड़ खाते और ₹3.17 लाख करोड़ की जमा राशि यह दर्शाती है कि जन-धन योजना ने करोड़ों लोगों को बैंकिंग व्यवस्था से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
