साहिबगंज : जिला के राजमहल उप-कारा में हत्या के एक मामले में पिछले पांच वर्षों से बंद एक कैदी ने बुधवार को जेल के भीतर फांसी लगाकर आत्महत्या करने का प्रयास किया। समय रहते अन्य कैदियों की नजर उस पर पड़ गई, जिससे उसकी जान तो बच गई, लेकिन उसकी स्थिति फिलहाल गंभीर बनी हुई है।

जानकारी के अनुसार, कैदी का नाम मंसूर शेख है। बुधवार को उसने जेल के वार्ड में संदिग्ध परिस्थितियों में फांसी लगाकर आत्महत्या करने की कोशिश की। घटना को देख वार्ड में अफरा-तफरी मच गई। अन्य कैदियों ने तुरंत इसकी सूचना जेल प्रशासन और सुरक्षाकर्मियों को दी।
सूचना मिलते ही जेल प्रशासन सक्रिय हुआ और आनन-फानन में मंसूर शेख को फंदे से उतारकर इलाज के लिए राजमहल के अनुमंडलीय अस्पताल में भर्ती कराया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल रेफर कर दिया।
बताया जाता है कि मंसूर शेख राधानगर थाना क्षेत्र के चामा सत्तारटोला का निवासी है। उस पर अपने ही सगे भाई अख्तर शेख की बेरहमी से हत्या करने का संगीन आरोप है, जिसके कारण वह पिछले पांच वर्षों से जेल में बंद है। फिलहाल कैदी की हालत नाजुक बनी हुई है। वहीं, जेल प्रशासन पूरे मामले की जांच में जुट गया है।
