रामगढ़/नेमरा : मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के पैतृक गांव नेमरा में एक माह से खराब पड़ी 108 एम्बुलेंस के कारण सड़क दुर्घटना में घायल एक महिला की मौत हो गई। एम्बुलेंस को हर बार धक्का मारकर चालू करना पड़ता था, जिससे घायलों को अस्पताल पहुंचाने में गंभीर देरी हुई। इस घटना के बाद क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
जानकारी के अनुसार, रविवार सुबह करीब 8 बजे रजरप्पा मंदिर से पूजा-अर्चना कर सरायकेला-खरसावां लौट रही अर्टिगा कार (JH 05EE–5630) गोला–मुरी पथ पर सिल्ली मोड़ के पास सड़क किनारे पेड़ से टकरा गई। हादसे में कार सवार एक महिला सहित चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
स्थानीय लोगों ने तत्काल बरलंगा थाना पुलिस को सूचना दी। एक युवक रंजीत कुमार ने डायल 108 पर कॉल किया। बताया गया कि बरलंगा थाना के समीप खड़ी 108 एम्बुलेंस को पांच–सात लोगों की मदद से 15–20 मिनट तक धक्का मारकर चालू किया गया। इसके बाद एम्बुलेंस किसी तरह चार किलोमीटर दूर घटनास्थल तक पहुंची। करीब 40 मिनट तक घायल सड़क पर तड़पते रहे। पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को गोला सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाने के लिए एम्बुलेंस में लादा गया, लेकिन दोबारा एम्बुलेंस को धक्का मारकर चालू करना पड़ा। अस्पताल ले जाने के दौरान घायल महिला ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया।
घटना ने क्षेत्र की आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति पर गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों ने एम्बुलेंस व्यवस्था में सुधार और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है।
