बिहार : पटना के लोगों को जल्द ही गंगा नदी में वाटर मेट्रो की सुविधा मिलने वाली है. अगस्त से इस सेवा की शुरुआत करने की तैयारी है. पहले चरण में वाटर मेट्रो दीघा घाट से पटना सिटी के कंगन घाट तक चलेगी. परियोजना का करीब 70 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है. बाकी काम भी तेजी से किया जा रहा है.

तेजी से चल रहा है निर्माण कार्य
वाटर मेट्रो के संचालन के लिए गांधी घाट की जेटी पर चार्जिंग प्वाइंट तैयार कर लिया गया है. यहां ट्रांसफॉर्मर भी लगाया जा चुका है. वहीं दीघा घाट, गांधी घाट और कंगन घाट पर टिकट काउंटर बनाए जा रहे हैं ताकि यात्रियों को बेहतर सुविधा मिल सके.
एक साथ 75 यात्री कर सकेंगे सफर
42 मीटर लंबे इस आधुनिक इलेक्ट्रिक जहाज में 50 यात्रियों के बैठने की व्यवस्था होगी. इसके अलावा 25 यात्री खड़े होकर भी यात्रा कर सकेंगे. जहाज में बड़ा एयर कंडीशंड हॉल बनाया गया है. यात्रियों के लिए एलसीडी स्क्रीन, साउंड सिस्टम, सीसीटीवी कैमरे, डिजिटल सूचना प्रणाली और सुरक्षा के सभी जरूरी इंतजाम किए गए हैं.
सफर के साथ मिलेगा गंगा का खूबसूरत नजारा
वाटर मेट्रो की सबसे खास बात इसकी बड़ी-बड़ी ग्लास विंडो होंगी. इन खिड़कियों से यात्री गंगा नदी का मनमोहक दृश्य, घाटों की रौनक और शाम की गंगा आरती का आनंद ले सकेंगे. यही वजह है कि यह सेवा पर्यटकों के लिए भी बड़ा आकर्षण बनने वाली है.
सिर्फ 30 मिनट में होगी चार्ज
यह इलेक्ट्रिक वाटर मेट्रो दो शक्तिशाली बैटरियों से चलेगी. गायघाट स्थित चार्जिंग स्टेशन पर इसकी बैटरियां सिर्फ 30 मिनट में फुल चार्ज हो जाएंगी. एक बार चार्ज होने के बाद यह करीब डेढ़ घंटे तक लगातार चल सकेगी.
अगले चरण में इन जगहों तक पहुंचेगी सेवा
सरकार की योजना दूसरे चरण में इस सेवा का विस्तार करने की है. इसके तहत वाटर मेट्रो को दानापुर के नासरीगंज, कोनहारा घाट, सोनपुर, हरिहरनाथ और पानापुर तक चलाया जाएगा. इससे उत्तर और दक्षिण बिहार के बीच आवागमन पहले से अधिक आसान, तेज और सुविधाजनक हो जाएगा.

