जमशेदपुर : शहर के बहुचर्चित एग्रिको ट्रिपल मर्डर केस की जांच अब नए और बेहद संवेदनशील मोड़ पर पहुंच गई है। पुलिस अब इस हत्याकांड को सिर्फ घरेलू विवाद नहीं, बल्कि करोड़ों रुपए के लेन-देन, निवेश और पारिवारिक तनाव से जुड़े जटिल मामले के रूप में देख रही है। जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आ रहे हैं।



सूत्रों के अनुसार, आरोपी रविंद्र प्रसाद सिंह के बैंक खातों में संदिग्ध वित्तीय गतिविधियों के संकेत मिले हैं। बताया जा रहा है कि टाटा स्टील से सेवानिवृत्ति के बाद उन्हें करीब 1 करोड़ 24 लाख रुपए की राशि प्राप्त हुई थी। पुलिस को आशंका है कि इसी रकम को लेकर परिवार के भीतर लंबे समय से विवाद और तनाव चल रहा था, जो अंततः खूनी वारदात में बदल गया।
बैंक खातों और निवेश की जांच तेज……
जांच एजेंसियों ने बैंक ट्रांजैक्शन की पड़ताल शुरू कर दी है। अब तक की जांच में यह सामने आया है कि खाते से बड़ी रकम निकाली गई थी। करीब 85 लाख रुपए निवेश और अन्य लेन-देन में लगाए जाने की जानकारी मिली है। कुछ राशि पत्नी ममता सिंह और बेटी के नाम से भी निकाले जाने की बात सामने आई है। पुलिस अब यह जानने में जुटी है कि हत्या से पहले और बाद में पैसों का इस्तेमाल कहां और किस उद्देश्य से किया गया। आर्थिक मामलों को लेकर परिवार में अक्सर विवाद होने की बात भी जांच में सामने आई है।
बदलते बयानों ने बढ़ाई पुलिस की चिंता……
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, पूछताछ के दौरान आरोपी रविंद्र प्रसाद सिंह कई बार अपने बयान बदल चुके हैं। यही वजह है कि जांच टीम अब वैज्ञानिक जांच पद्धति अपनाने की तैयारी कर रही है। सूत्रों की मानें तो पुलिस आरोपी का नार्को टेस्ट और लाई डिटेक्टर टेस्ट कराने की प्रक्रिया शुरू कर सकती है। अधिकारियों को उम्मीद है कि इन जांचों से हत्या की पूरी साजिश और उससे जुड़े छिपे तथ्यों से पर्दा उठ सकता है।
“परिवार में लंबे समय से था तनाव”……
स्थानीय लोगों और पड़ोसियों के अनुसार, परिवार के भीतर लंबे समय से तनावपूर्ण माहौल बना हुआ था। कई बार घर से विवाद और बहस की आवाजें सुनाई देती थीं. थाना प्रभारी के अनुसार, रविंद्र प्रसाद सिंह पिछले कुछ महीनों से मानसिक दबाव में थे। आर्थिक विवाद और पारिवारिक तनाव लगातार बढ़ता जा रहा था, जिसने पूरे परिवार को प्रभावित किया।
बेटे के बयान से जांच में नया मोड़……
मामले ने उस समय नया मोड़ ले लिया जब बेटे अभिषेक ने सार्वजनिक रूप से अपने पिता को हत्यारा मानने से इनकार कर दिया। इसके बाद थाना प्रभारी के बयान को लेकर भी केस दर्ज किया गया, जिससे जांच और अधिक संवेदनशील हो गई है।
परिवार के अलग-अलग और विरोधाभासी बयानों ने पुलिस के सामने नई चुनौतियां खड़ी कर दी हैं। जांच एजेंसियां अब हर पहलू को जोड़कर घटनाक्रम की पूरी सच्चाई तक पहुंचने की कोशिश कर रही हैं।
इन बिंदुओं पर चल रही पुलिस की जांच….
बैंक ट्रांजैक्शन और नकदी निकासी
मोबाइल कॉल डिटेल और डिजिटल रिकॉर्ड
जमीन, निवेश और संपत्ति से जुड़े दस्तावेज
परिवार और करीबी लोगों से पूछताछ
हत्या से पहले की गतिविधियां और मूवमेंट
फिलहाल एग्रिको ट्रिपल मर्डर केस पूरे शहर में चर्चा का विषय बना हुआ है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में जांच में कई बड़े खुलासे सामने आ सकते हैं।



