जमशेदपुर : परसूडीह थाना क्षेत्र के खासमहल स्थित श्री जगन्नाथ मंदिर परिसर में चल रहे नए निर्माण को लेकर शुक्रवार को उस समय हंगामे की स्थिति उत्पन्न हो गई, जब रेलवे प्रशासन की टीम अतिक्रमण हटाने पहुंची। कार्रवाई के दौरान मंदिर परिसर में बने नए निर्माण और कमरे को आधे से अधिक हिस्से तक तोड़ दिया गया, जिसके बाद स्थानीय लोगों, श्रद्धालुओं और मंदिर कमेटी के सदस्यों ने जोरदार विरोध शुरू कर दिया।



विरोध बढ़ता देख मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इसी बीच मामले की जानकारी मिलने पर विहिप नेता अरुण सिंह घटनास्थल पर पहुंचे और रेलवे प्रशासन की कार्रवाई का विरोध किया। उनके पहुंचते ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर परिसर में जुट गए। लोगों का कहना था कि मंदिर आस्था का केंद्र है और किसी भी कार्रवाई से पहले जनभावनाओं का सम्मान किया जाना चाहिए।
मामले को बढ़ता देख अरुण सिंह ने सांसद विद्युत वरण महतो और पोटका विधायक संजीव सरदार से बातचीत कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। बातचीत के बाद यह सहमति बनी कि मंदिर परिसर में चल रहे नए निर्माण को दो दिनों के भीतर स्वयं हटा लिया जाएगा। वहीं रेलवे प्रशासन की ओर से स्पष्ट किया गया कि तय समय सीमा के भीतर निर्माण नहीं हटाए जाने पर दोबारा अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया जा सकता है।
जानकारी के अनुसार, इससे पहले भी रेलवे प्रशासन मंदिर परिसर से अतिक्रमण हटाने की कोशिश कर चुका है, लेकिन स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं के विरोध के कारण टीम को वापस लौटना पड़ा था। शुक्रवार को भी विरोध के चलते प्रशासनिक टीम को कार्रवाई रोकनी पड़ी. घटना के बाद इलाके में देर तक तनावपूर्ण माहौल बना रहा, हालांकि बाद में बातचीत के जरिए स्थिति को नियंत्रित कर लिया गया। पूरे घटनाक्रम को लेकर क्षेत्र में चर्चाओं का बाजार गर्म है।
