धनबाद : वासेपुर के कुख्यात डॉन फहीम खान के बेटे इकबाल के ड्राइवर बबली पर देर रात अज्ञात बाइक सवार दो अपराधियों ने गोली मार गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना शुक्रवार की आधी रात करीब 12:30 बजे के पास की है। जानकारी के अनुसार बबली वासेपुर आरा मोड के SBI बैंक की ब्रांच के पास था, तभी दो बाइक सवार पिस्टल लहराते दिखे। जिसे देख बबली ने भागने की कोशिश की। इसी बीच बाइक सवार एक अपराधी ने बबली पर फायरिंग कर दी । जिससे वह वहीं पर गिर गया और अपराधी मौके से फरार हो गए।

वासेपुर के डॉन के ड्राइवर पर फायरिंग
घटना की सूचना मिलते ही तत्काल धनबाद के सिटी एसपी , डीएसपी लॉ इनऑर्डर, और बैंक मोड़ पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच पड़ताल शुरू कर दी है। इधर घटना के बाद तत्काल बबली को अशर्फी अस्पताल ले जाया गया। जहां उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे बेहतर इलाज के लिए दुर्गापुर मिशन हॉस्पिटल रेफर कर दिया गया है। बताया जाता है कि बबली की स्थिति काफी नाजुक बनी हुई है। उसे पेट में और पीठ के हिस्से में गोली लगने की सूचना है। इस घटना के बाद से इलाके में दहशत का माहौल बना हुआ है।
वासेपुर में गैंगवार का रहा है काला इतिहास
स्थानीय लोगों के अनुसार इस घटना के बाद धनबाद में लंबे समय से ठहरे गैंगवार के फिर से भड़कने की आशंका पैदा हो गई है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में पता चला कि हमलावर दो बाइक सवार थे, पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है। यह घटना वासेपुर के गैंगवार के पुराने जख्मों को फिर से हरा कर रही है। 90 के दशक से वासेपुर को गैंगवार का केंद्र माना जाता रहा है, जहां फहीम खान और उसके राइवल गैंग आपस में भिड़ते रहे। 2010 तक चली इस जंग में सैकड़ों हत्याएं हुईं, जिनमें कोयला माफिया, जमीन हड़पने और वर्चस्व की लड़ाई प्रमुख थीं। अनुराग कश्यप की फिल्म ‘गैंग्स ऑफ वासेपुर’ ने इसकी कहानी को बखूबी रुपहले पर्दे पर प्रदर्शित किया। लेकिन हाल के वर्षों में यहां लगभग शांति कायम थी। अब उनके बेटे इकबाल से जुड़े इस हमले ने पुरानी दुश्मनी को फिर से जिंदा कर दिया है।
गैंगवार की आशंका से सनसनी
इस घटना के बाद से स्थानीय व्यापारी और निवासी दहशत में हैं। पुलिस ने बैंक मोड़ और वासेपुर इलाके में पहरेदारी बढ़ा दी गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि कोयला व्यवसाय और पुरानी रंजिश फिर से हिंसा भड़का सकती है। फिलहाल पुलिस एहतियात बरत रही है। और यह पता लगाया जा रहा है कि गोली चलाने वाले किस गैंग के सदस्य है। लोगों को डर ये है कि कहीं फिर से वासेपुर में गैंगवार न भड़क जाए।
