जमशेदपुर : आस्था, श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत संगम उस समय देखने को मिलता है, जब श्री श्री 1008 महामंडलेश्वर मां कालकानंद गिरी के नेतृत्व में किन्नर अखाड़ा एवं जूना अखाड़ा द्वारा मां मंगला की पूजा-अर्चना का भव्य आयोजन किया जाता है। बीते 15 वर्षों से लगातार यह परंपरा पूरे विधि-विधान और भक्ति भाव के साथ निभाई जा रही है, जो क्षेत्र में आध्यात्मिक चेतना का केंद्र बन चुकी है।




महामंडलेश्वर मां कालकानंद गिरी के सान्निध्य में आयोजित इस पूजा में हर वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होते हैं। भक्तजन मां मंगला से सुख-समृद्धि, शांति और कल्याण की कामना करते हुए पूजा-अर्चना में भाग लेते हैं। पूजा के दौरान वैदिक मंत्रोच्चार, भजन-कीर्तन और विशेष अनुष्ठानों का आयोजन किया जाता है, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठता है।

किन्नर अखाड़ा और जूना अखाड़ा की यह पहल समाज में धार्मिक समरसता और आध्यात्मिक जागरूकता का संदेश भी देती है। खास बात यह है कि किन्नर समाज द्वारा इस तरह के धार्मिक आयोजनों में बढ़-चढ़कर भागीदारी समाज में सकारात्मक परिवर्तन और समानता का प्रतीक बन रही है।
महामंडलेश्वर मां कालकानंद गिरी ने बताया कि मां मंगला की कृपा से यह आयोजन निरंतर सफलतापूर्वक संपन्न हो रहा है और आगे भी इसी श्रद्धा और विश्वास के साथ जारी रहेगा। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में जुड़कर इस पुण्य कार्य का हिस्सा बनने की अपील की।
यह आयोजन न सिर्फ एक धार्मिक कार्यक्रम है, बल्कि समाज को एकजुट करने और भक्ति की शक्ति को सशक्त रूप में प्रस्तुत करने का माध्यम भी बन चुका है।
