लोकतंत्र सवेरा / संवाददाता –आदित्यपुर : बुधवार सुबह आदित्यपुर रेलवे यार्ड के पास एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। सुबह करीब 9:45 बजे शर्मा बस्ती की दिशा से तेज रफ्तार में आ रही एक मालगाड़ी अचानक अनियंत्रित हो गई। बताया जा रहा है कि बिना इंजन के यह ट्रेन तेज गति से चल रही थी, जिससे चालक दल को संभलने का मौका तक नहीं मिला। मालगाड़ी नियंत्रण खोकर यार्ड की दीवार तोड़ते हुए वहां खड़ी दूसरी मालगाड़ी से जा टकराई।

टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों ट्रेनों के कई डिब्बे एक-दूसरे के ऊपर चढ़ गए और इलाके में जोरदार धमाका सुनाई दिया। आसपास के लोग घरों से बाहर निकल आए, जबकि यार्ड में काम कर रहे मजदूरों में अफरा-तफरी मच गई। हालांकि, सौभाग्य से किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसे के वक्त यार्ड में कई मजदूर काम कर रहे थे। अचानक हुई टक्कर से चारों ओर भगदड़ मच गई। मजदूरों ने अपनी जान बचाने के लिए पास के सुरक्षित स्थानों पर शरण ली। स्थानीय लोगों ने बताया कि हादसे का दृश्य बेहद भयावह था — लोहे के डिब्बों की टकराने की आवाज कई किलोमीटर दूर तक सुनाई दी।
प्रारंभिक जांच में यह संभावना जताई जा रही है कि तकनीकी खराबी या ब्रेक फेल होने के कारण यह मालगाड़ी अनियंत्रित होकर यार्ड की दीवार तोड़ते हुए दूसरी ट्रेन से टकराई।
घटना की सूचना मिलते ही रेलवे अधिकारी, तकनीकी टीम और आरपीएफ के जवान मौके पर पहुंचे और राहत-बचाव कार्य शुरू कर दिया। क्षतिग्रस्त डिब्बों को हटाने और ट्रैक की मरम्मत का काम युद्धस्तर पर जारी है। साथ ही, रेलवे विभाग ने उच्च स्तरीय जांच टीम गठित कर मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है।
स्थानीय नागरिकों ने रेलवे प्रशासन से मांग की है कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचाव के लिए यार्ड में सुरक्षा और तकनीकी निगरानी प्रणाली को और मजबूत किया जाए।
फिलहाल रेल यातायात को नियंत्रित किया गया है और आसपास के सभी ट्रैक की जांच की जा रही है ताकि आगे कोई जोखिम न रहे।
रेलवे अधिकारियों ने पुष्टि की है कि हादसे में किसी की जान नहीं गई है, लेकिन रेलवे संपत्ति को काफी नुकसान पहुंचा है। जांच पूरी होने के बाद ही हादसे के वास्तविक कारणों का स्पष्ट खुलासा किया जाएगा।
