बोकारो (झारखंड) : झारखंड के बोकारो जिले से एक रूह कंपा देने वाली खबर सामने आई है। हरला थाना क्षेत्र में आर्थिक तंगी और कर्ज के भारी दबाव के चलते एक ही परिवार के तीन लोगों की जान चली गई। पुलिस के मुताबिक, दंपत्ति ने पहले अपने दो वर्षीय मासूम बेटे की गला दबाकर हत्या की और फिर खुद फांसी लगाकर जान दे दी। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है।
क्या है पूरा मामला?…….
मृतक की पहचान कुंदन तिवारी (निवासी बांका, बिहार) और उसकी पत्नी रेखा कुमारी के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, यह परिवार हरला थाना क्षेत्र के स्ट्रीट 5 में एक किराए के मकान में रहता था। कुंदन खुद को स्वास्थ्य विभाग का कर्मी बताता था। पुलिस की शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि परिवार लंबे समय से भारी कर्ज और आर्थिक तंगी से जूझ रहा था।
कर्ज का दबाव और मकान मालिक पर आरोप…….
मामले की गंभीरता को देखते हुए डीएसपी सिटी आलोक रंजन खुद मौके पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला आर्थिक तंगी के कारण उठाया गया आत्मघाती कदम प्रतीत होता है। बताया जा रहा है कि मकान मालिक ने मृतक कुंदन को करीब 12 लाख रुपये कर्ज दिए थे, जिसकी वसूली के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा था।
घटना में एक नया मोड़ तब आया जब मृतका की मां ने मकान मालिक पर हत्या का गंभीर आरोप लगाया। मां का कहना है कि……
- मकान मालिक ने जबरन उनसे कोरे कागज पर अंगूठा लगवाया था।
- कर्ज चुकाने के लिए जेवरात तक ले लिए गए थे।
- बेटी और दामाद की मौत के पीछे मकान मालिक का हाथ है।
वहीं, मकान मालिक के बेटे मुकेश कुमार ने आरोपों को नकारते हुए कहा कि वे लोग दोपहर तक सामान्य थे। उन्होंने बताया कि दोपहर में बच्चे को सामान दिलाने के बाद जब काफी देर तक घर का दरवाजा नहीं खुला और फोन नहीं उठा, तब उन्हें घटना की जानकारी हुई।
पुलिस की जांच जारी…
हरला थाना पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस हर एंगल से मामले की जांच कर रही है, जिसमें प्रेम विवाह और वित्तीय लेन-देन के विवाद मुख्य बिंदु हैं।
