जमशेदपुर : गोलमुरी स्थित केनरा बैंक में हुई सनसनीखेज डकैती के मामले में अपराधियों तक पहुंचने के लिए पुलिस ने अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। अपराधियों की तस्वीरें जारी करने और उनकी गिरफ्तारी पर दो-दो लाख रुपये का इनाम घोषित करने के बाद अब पुलिस ने उनकी पहचान उजागर करने के उद्देश्य से एक वीडियो जारी किया है। वीडियो में डकैती में शामिल अपराधियों की स्पष्ट तस्वीरों के साथ उनकी पहचान से जुड़ी अहम जानकारियां साझा की गई हैं। खास तौर पर संदिग्ध अपराधी अमन सिंह के शरीर पर बने टैटू का ब्योरा जारी किया गया है, ताकि आम लोगों की मदद से पुलिस उस तक पहुंच सके।

अमन सिंह के टैटू पर पुलिस की नजर, पहचान के लिए जारी किया ब्योरा…….
पुलिस की ओर से जारी वीडियो में अमन सिंह के शरीर पर बने कई टैटू की जानकारी दी गई है। उसकी गर्दन पर टैटू बना हुआ है। इसके अलावा बायें हाथ पर ‘अमन’ लिखा है, जबकि दायें हाथ पर मंडला टैटू बना हुआ है। बायें हाथ की हथेली के पीछे भी टैटू होने की जानकारी दी गई है। पुलिस को उम्मीद है कि इन खास निशानों के आधार पर उसकी पहचान करने में मदद मिल सकती है. वीडियो में डकैती में शामिल अन्य तीन अपराधियों के नाम और उनकी तस्वीरें भी जारी की गई हैं। पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि वीडियो में दिखने वाले किसी भी अपराधी के संबंध में जानकारी मिलने पर तत्काल उसमें दिए गए मोबाइल नंबर पर सूचना दें। पुलिस ने सूचना देने वालों की पहचान और पता गोपनीय रखने का भरोसा दिलाया है।
24 सितंबर को बैंक में बोला था धावा, 43 लाख नकद और 23 किलो सोना लेकर फरार हुए थे अपराधी……
गौरतलब है कि 24 सितंबर की सुबह करीब 10 बजे बरसाती पहनकर पहुंचे पांच अपराधियों ने गोलमुरी स्थित केनरा बैंक में डकैती की वारदात को अंजाम दिया था। अपराधी बैंक से करीब 43 लाख रुपये नकद और लगभग 23 किलोग्राम सोने के आभूषण लेकर फरार हो गए थे। दिनदहाड़े हुई इस वारदात ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे. घटना के बाद से ही पुलिस अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास कर रही है। मामले की जांच के लिए 20 पुलिस पदाधिकारियों वाली विशेष जांच टीम (एसआईटी) गठित की गई है। टीम विभिन्न पहलुओं पर जांच करते हुए अपराधियों के ठिकानों का पता लगाने में जुटी है।
1000 से अधिक CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली, चार राज्यों तक पहुंची जांच…
डकैती की गुत्थी सुलझाने के लिए एसआईटी अब तक 1000 से अधिक स्थानों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल चुकी है। फुटेज के विश्लेषण के आधार पर पुलिस को अपराधियों के शहर से बाहर निकलने के रास्तों के संबंध में महत्वपूर्ण सुराग मिलने की बात सामने आई है। जांच के अनुसार, वारदात को अंजाम देने के बाद अपराधी अलग-अलग रास्तों से पश्चिम बंगाल और ओडिशा की ओर फरार हुए थे. अपराधियों की तलाश में पुलिस की अलग-अलग टीमें बिहार, पश्चिम बंगाल, ओडिशा और उत्तर प्रदेश में छापेमारी कर रही हैं। पुलिस को डकैती में शामिल गिरोह के संबंध में भी अहम जानकारी मिलने की बात कही जा रही है। गिरोह से जुड़े संदिग्धों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।
इनाम घोषित, अब आम लोगों से मदद की अपील……
तस्वीरें जारी करने, इनाम घोषित करने और अब वीडियो के माध्यम से पहचान संबंधी जानकारी साझा करने के पीछे पुलिस की रणनीति अपराधियों के बारे में अधिक से अधिक सुराग जुटाना है। पुलिस को उम्मीद है कि टैटू जैसे विशिष्ट शारीरिक निशानों और जारी तस्वीरों की मदद से आम लोग अपराधियों को पहचानने में सहयोग कर सकेंगे. अब देखना होगा कि चार राज्यों में चल रही छापेमारी, हजार से अधिक CCTV कैमरों की जांच और आम लोगों से मिली संभावित सूचनाओं के आधार पर पुलिस इस बड़ी डकैती में शामिल अपराधियों तक कब पहुंच पाती है।
