जमशेदपुर : झारखंड स्थापना दिवस एवं जनजातीय गौरव दिवस के अवसर पर, वनवासी कल्याण केंद्र, बरियातू नगर सभागार, रांची में सक्षम झारखंड (समादिष्ट क्षमता विकास एवं अनुसंधान मंडल — दिव्यांगजनों को समर्पित अखिल भारतीय संगठन) द्वारा एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जो समाज के उन दिव्यांगजनों को समर्पित था जो दोनों पैरों से पूर्णतः दिव्यांग हैं अथवा रीढ़ की हड्डी की गंभीर चोट के कारण सामान्य रूप से चल-फिर नहीं पाते। इस अवसर पर “NeoMotion (नियो मोशन) इलेक्ट्रॉनिक व्हीलचेयर आकलन एवं मापन शिविर” का आयोजन किया गया, जो झारखंड में पहली बार किसी गैर-सरकारी संस्था द्वारा आयोजित एक अत्यंत महत्त्वपूर्ण और नवाचारपूर्ण पहल है। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रसिद्ध समाजसेवी एवं चिकित्सक डॉ. एच. पी. नारायण द्वारा दीप प्रज्वलन कर किया गया।



इस शिविर में राज्य के विभिन्न जिलों से लगभग 80 दिव्यांगजन अपने परिजनों के साथ उपस्थित हुए और उनका विस्तृत आकलन एवं मापन किया गया। कार्यक्रम में सक्षम झारखंड के वरिष्ठ पदाधिकारी—अध्यक्ष अजीत कुमार, सचिव प्रमोद कुमार झा, सहसचिव ए. के. लाल, श्री संतोष कुमार जायसवाल, उपाध्यक्ष श्रीमती गोपिका आनंद, प्रकोष्ठ प्रमुख श्रीमती अनुराधा वत्स, श्रीमती रीमा साहू, श्री सुसेन दत्ता डॉ दीपक प्रसाद तथा अन्य सक्रिय सदस्यों ने उपस्थित रहकर कार्यक्रम को सफल बनाया।
शिविर में उपयोग की गई NeoMotion (नियो मोशन) इलेक्ट्रॉनिक व्हीलचेयर दिव्यांगजनों के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध होती है, क्योंकि यह उन्हें स्वतंत्र रूप से चलने-फिरने, दैनिक गतिविधियों में सहज भागीदारी, और सुरक्षित एवं सुगम गतिशीलता प्रदान करती है। यह उन दिव्यांग व्यक्तियों के लिए एक महत्वपूर्ण समाधान है जो सामान्य मैनुअल व्हीलचेयर का उपयोग करने में सक्षम नहीं हैं या जिनकी शारीरिक स्थिति उन्हें स्वयं चलाने की अनुमति नहीं देती। इस व्हीलचेयर की कीमत ₹70,000 से ₹1,00,000 के बीच है और जिन दिव्यांगजनों का आज आकलन किया गया है, उन्हें यह व्हीलचेयर दो महीने के भीतर प्रदान की जाएगी।
सक्षम झारखंड के सभी दायित्वधारियों ने कहा कि यह पहल समाज के सबसे जरूरतमंद दिव्यांगजनों को मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने यह भी कहा कि संस्था आगे भी दिव्यांगजन सशक्तिकरण हेतु इसी प्रकार के सार्थक और प्रभावशाली कार्यक्रम आयोजित करती रहेगी। यह भी विदित हो कि “सक्षम” का एक दिव्यांग सेवा केंद्र रांची में कार्यरत है, जो दिव्यांगजनों को योजनाओं, कार्यक्रमों और नीतियों से जोड़ने हेतु पूरे झारखंड में सेतु का कार्य कर रहा है।



