रांची : मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने अपने दिवंगत पिता शिबू सोरेन को पद्म भूषण से सम्मानित करने की घोषणा करने के लिए रविवार को केंद्र सरकार का आभार जताया, वहीं उनकी पार्टी झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) ने आदिवासी नेता के लिए भारत रत्न की मांग की। शिबू सोरेन का नाम देश के तीसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म भूषण के लिए चुने गए 13 लोगों में शामिल है। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘हम सबके प्रिय, सम्माननीय और आदरणीय बाबा स्व दिशोम गुरुजी शिबू सोरेन जी को पद्म भूषण सम्मान देने की घोषणा करने के लिए, झारखंड की समस्त जनता की ओर से मै केंद्र सरकार का हार्दिक आभार जताता हूं।’

















































उन्होंने कहा, ‘उनका जीवन राजनीतिक सीमाओं से कहीं परे, अनंत तक जाता है। उनका संपूर्ण जीवन समता, समावेशी और सामाजिक न्याय, अस्मिता, आदिवासी पहचान, शिक्षा, महिला सशक्तीकरण तथा शोषित-वंचित वर्गों के हक और अधिकारों के लिए किए गए विराट संघर्ष का साक्षी रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा, “यह वही संघर्ष था, जिसने दशकों की सामाजिक और राजनीतिक लड़ाई के बाद झारखंड को उसका अपना अलग राज्य दिलाया।
उन्होंने कहा, “झारखंड की जनता के हृदय और विचारों में, और लद्दाख से केरल तक, राजस्थान से असम तक देश के आदिवासी समाज के बीच, भारत मां के सच्चे सपूत, शिबू सोरेन जी भारत रत्न थे, हैं और सदैव रहेंगे। राज्य में सत्तारूढ़ झामुमो ने एक बयान में कहा कि उन्हें पद्म भूषण नहीं बल्कि भारत रत्न से सम्मानित किया जाना चाहिए। बयान में कहा गया कि उनके लिए भारत रत्न की मांग लगातार की जाती रहेगी। झामुमो सांसद महुआ माजी ने कहा कि वह इस पुरस्कार के लिए केंद्र सरकार की आभारी हैं, लेकिन सोरेन भारत रत्न के हकदार हैं।





