मुरी : भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) झारखंड राज्य कमिटी का छोटानागपुर स्तरीय जन आक्रोश जत्था चौक में जत्था एवं सभा किया गया। किसान – मजदूर विरोधी नीतियां नहीं चलेगा ,4 लेबर कोड ,बिज और बिजली विधेयक रद्द करो, मनरेगा की वापसी करना होगा, भारत – अमेरिका व्यापार समझौता नहीं चलेगा, इरान पर अमेरिका – इजराइल हमला पर रोक लगाओ, एम् एस पी की कानूनी गारंटी करो, किसानों की आत्महत्या क्यों, झारखंड में जल, जंगल, जमीन, खनिज संपदा की रक्षा करना होगा, सर्वाधिक महंगाई, बेरोजगारी, नीजीकरण नहीं चलेगा,युद्ध नहीं शान्ति चाहिए,कौन बनाता हिन्दुस्तान,देश का मजदूर किसान,24 मार्च को दिल्ली चलो आदि नारे लग रहे थे।
जन आक्रोश जत्था एवं सभा को संबोधित करते हुए माकपा केन्द्रीय कमिटी सदस्य सह सीटू राष्ट्रीय अध्यक्ष सुदीप दत्ता , माकपा राज्य सचिव मंडल सदस्य समीर दास,माकपा राज्य सचिव मंडल सदस्य सह झारखंड राज्य किसान सभा के महासचिव सुफल महतो, माकपा राज्य सचिव मंडल सदस्य सह सीटू झारखंड महासचिव विश्वजीत देव, आदिवासी मंच के राज्य संयोजक सुखनाथ लोहरा, राज्य सचिव मंडल राज्य सचिव मंडल सदस्य सुरेश मुंडा, मदुवा कच्छप, शंकर उरांव किसान नेता आएता उरांव,अनिल उरांव,देवनाथ गोप,मनिता उरांव,मिला कुमारी, प्रतिमा उरांव,पूनम उरांव, पुष्पा उरांव, बलदेव उरांव, राजेंद्र उरांव, तुरिया उरांव,बिरासमुनी उरांव, चन्द्र देव उरांव,अनिता मुंडा,विजय वन,लखवा उरांव, बिनोद उरांव, प्रदीप गुड़िया, कल्याण गुरिया, भूषण मुंडा, मनबोथ मुंडा,सदानंद सवासी, घासी राम मुंडा, रामधन मछुवा, नेहरू लाल मुंडा,शिवैशवर महतो , भिड़राय मुंडा, बुधनी देवी,सहागी देवी, दुर्गा देवी,सोमबारी देवी,मती देवी,आदि ने संबोधित करते हुए कहा मोदी सरकार ने 4 लेबर कोड, बिज और बिजली विधेयक, भारत – अमेरिका व्यापार समझौता देश के किसान मजदूरो के लिए मौत की घंटी है.
मनरेगा का खात्मा किया गया,देश में किसानों को एम् एस पी नहीं मिलता, प्रतिदिन 31 किसान आत्महत्याए और साढ़े चार लाख किसान आत्महत्याएं पर सरकार मुकदर्शक बनी हुई है, किसान मजदरो को जाति – धर्म के नाम पर बांटने का कोशिश नहीं चलेगा,हमे जात से ज्यादा हाथ में काम चाहिए,साम्राज्यवादी अमेरिका – इजराइल द्वारा इरान पर हमला की निंदा करते हैं , मोदी सरकार द्वारा अमेरिका – इजराइल का समर्थन भारत के गुट निरपेक्षता पर प्रश्नचिन्ह है, साम्राज्यवादी अमेरिका के सामने आत्मसमर्पण है।
रिपोर्ट: रिंकी कुमारी
