आदित्यपुर संवाददाता : जिले में सरकार के निर्देश की खुलेआम धज्जियां उड़ाई जा रही हैं. केंद्र सरकार द्वारा बार-बार कहा जा रहा है कि रसोई गैस सहित पेट्रोल-डीजल की कोई कमी देश में नहीं है, इसके बावजूद जिले की गैस एजेंसियां फेक क्राइसिस उत्पन्न कर गैस की कालाबाजारी कर रही हैं. सरायकेला-खरसावां जिले में हालात इतने गंभीर हो गये हैं कि एक सिलेंडर के लिए ग्राहकों से 3000 रुपये तक बिना दस्तावेज के वसूले जा रहे हैं. इस हालात के बावजूद प्रशासन की खामोशी भ्रष्टाचार के मजबूत इशारे दे रही है. एजेंसियां गैस आपूर्ति से संबंधित सभी साइट्स बंद होने का हवाला देकर गैस के लिए ग्राहकों को अपने कार्यालय में चप्पलें रगड़ने को मजबूर कर रही हैं।

इसका सीधा मतलब यह है कि ग्राहक ब्लैक में सिलेंडर खरीदें और उनकी जेब भरती रहे. इस पर तुर्रा यह है कि निजी तौर घरेलू गैस सिलेंडर भरने वालों की चांदी कट रही है. ऐसे लोग प्रति किलो 300 रुपये तक आम लोगों से वसूल रहे हैं. घरेलू गैस की कोई कमी नहीं होने के बावजूद यह हालात गंभीर चिंताजनक हैं, जिस पर प्रशासन मौन साधे हुए है. इस संबंध में पक्ष जानने के लिए उपायुक्त से संपर्क करने का प्रयास किया गया, पर संपर्क नहीं हो पाया. इधर, इस मामले में आदित्यपुर स्थित केसरी गैस एजेंसी के मालिक से संपर्क किया गया तो उन्होंने टका सा जवाब दिया कि ऐसी कोई बात सही नहीं है. इस सबके बीच ग्राहक पिसने और जेब ढीली करने को मजबूर हैं।
