जमशेदपुर : राजस्थान की राजधानी जयपुर में निर्मित भगवान परशुराम की भव्य संगमरमर प्रतिमा गुरुवार को जमशेदपुर पहुंच गई। प्रतिमा को बागबेड़ा स्थित परशुराम भवन में सुरक्षित रखा गया है, जहां 19 अप्रैल को अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर विधि-विधान से पूजा-अर्चना के बाद इसकी स्थापना की जाएगी।करीब 1.80 लाख रुपये की लागत से तैयार यह प्रतिमा आकार और वजन में काफी भारी है। इसे वाहन से उतारने के लिए विशेष उपकरणों और अतिरिक्त संसाधनों की मदद लेनी पड़ी। प्रतिमा के शहर पहुंचते ही श्रद्धालुओं में उत्साह का माहौल देखा जा रहा है।


ब्राह्मण युवा शक्ति संघ के संस्थापक अप्पू तिवारी ने बताया कि भगवान परशुराम प्राकट्योत्सव के अवसर पर 19 अप्रैल को भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। विधिवत पूजा-अर्चना के बाद प्रतिमा को परशुराम भवन में स्थापित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि आयोजन की पूर्व संध्या पर 18 अप्रैल को जुगसलाई से बागबेड़ा तक भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है।
वहीं, आयोजन स्थल पर प्रतिमा स्थापना को लेकर सौंदर्यीकरण और अन्य तैयारियां अंतिम चरण में हैं। पूरे परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया जा रहा है, ताकि यह स्थल श्रद्धालुओं के लिए आस्था का प्रमुख केंद्र बन सके। प्रतिमा आगमन और स्थापना की तैयारियों के दौरान परशुराम भवन में विमलेश उपाध्याय, आनंदी ओझा, रामनाथ दुबे, मुन्ना मिश्रा, महेश मिश्र, अंकित आनंद, पवन ओझा, सोनू झा और रंजीत झा समेत कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

