नई दिल्ली/लंदन : ब्रिटेन में बहुचर्चित ‘ग्रूमिंग गैंग’ विवाद एक बार फिर राष्ट्रीय बहस के केंद्र में आ गया है। ब्रिटिश सांसद Rupert Lowe ने संसद में दिए एक भावुक और तीखे भाषण में कथित यौन शोषण पीड़िताओं की गवाहियां पढ़ते हुए सरकार और जांच एजेंसियों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए. सांसद लोव ने दावा किया कि उनके नेतृत्व में पिछले वर्ष कराई गई एक स्वतंत्र जांच में ब्रिटेन के कम से कम 85 क्षेत्रों में संगठित बाल यौन शोषण गिरोहों की पहचान की गई है। उन्होंने कहा कि यह मामला केवल अपराध का नहीं, बल्कि संस्थागत विफलता और लंबे समय तक बरती गई लापरवाही का भी प्रतीक है।



संसद में गूंजी पीड़िताओं की दर्दनाक आपबीती…..
संसद में पढ़े गए कथित बयानों में कई पीड़िताओं ने वर्षों तक चले यौन शोषण, हिंसा और मानसिक उत्पीड़न का उल्लेख किया। एक पीड़िता ने दावा किया कि किशोरावस्था के दौरान उसके साथ लगातार अत्याचार किया गया, जबकि दूसरी महिला ने आरोप लगाया कि कई वर्षों तक सैकड़ों लोगों द्वारा उसका शोषण किया गया. कुछ गवाहियों में धार्मिक और नस्लीय टिप्पणियों के जरिए मानसिक प्रताड़ना देने के आरोप भी लगाए गए। पीड़िताओं ने दावा किया कि अपराधियों ने उनकी पहचान और आस्था को निशाना बनाकर उन्हें डराने और अपमानित करने की कोशिश की।
पुलिस और स्वास्थ्य तंत्र पर भी सवाल…..
सांसद द्वारा पढ़ी गई गवाहियों में पुलिस और स्वास्थ्य सेवाओं की भूमिका पर भी गंभीर आरोप लगाए गए। कुछ पीड़िताओं ने दावा किया कि उनकी शिकायतों को समय रहते गंभीरता से नहीं लिया गया, जबकि चिकित्सा सहायता के दौरान भी पर्याप्त संवेदनशीलता नहीं दिखाई गई. हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है और संबंधित एजेंसियों की ओर से इन दावों पर अलग-अलग समय में जांच और कार्रवाई की बात कही जाती रही है।
क्या है ‘ग्रूमिंग गैंग’ मामला?…..
ब्रिटेन में ‘ग्रूमिंग गैंग’ शब्द उन संगठित अपराधी समूहों के लिए इस्तेमाल किया जाता है, जिन पर कमजोर और असुरक्षित बच्चों या किशोरियों को बहला-फुसलाकर, नशा देकर या धमकाकर लंबे समय तक यौन शोषण करने के आरोप लगे हैं. Rotherham, Rochdale और Oldham जैसे शहरों में सामने आए मामलों ने वर्षों पहले पूरे ब्रिटेन को झकझोर दिया था। इन मामलों पर कई आधिकारिक जांचें भी हो चुकी हैं, जिनमें संस्थागत कमियों और पीड़ितों की सुरक्षा में चूक की ओर संकेत किया गया था।
जल्द जारी होगी विस्तृत रिपोर्ट…..
सांसद रूपर्ट लोव ने कहा कि आने वाले दिनों में इस स्वतंत्र जांच की विस्तृत रिपोर्ट सार्वजनिक की जाएगी। उनका दावा है कि रिपोर्ट में ऐसे तथ्य सामने आएंगे जो ब्रिटेन की राजनीति, कानून व्यवस्था और बाल सुरक्षा व्यवस्था पर व्यापक प्रभाव डाल सकते हैं. फिलहाल इस मुद्दे ने ब्रिटेन की संसद और समाज में एक बार फिर तीखी बहस छेड़ दी है। विपक्ष और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने मामले की निष्पक्ष जांच तथा दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है।



