जमशेदपुर : पूर्वी सिंहभूम जिले के गालूडीह थाना क्षेत्र से एक बेहद दुखद घटना सामने आई है, जहां सांप के डसने से एक महिला की मौत हो गई। मृतका की पहचान गालूडीह थाना क्षेत्र के केशपुर पंचायत अंतर्गत बागालगोड़ा गांव निवासी 30 वर्षीय गौरी सबर के रूप में हुई है। इस असमय हादसे के बाद से पीड़ित परिवार और पूरे गांव में मातम का माहौल है।



बिस्तर पर सोते समय हुआ हादसा
परिजनों से मिली जानकारी के अनुसार, घटना बुधवार तड़के करीब तीन बजे की है। भीषण गर्मी के कारण गौरी अपने घर के कमरे में जमीन पर बिस्तर लगाकर सो रही थी। इसी दौरान अचानक उसकी नींद खुली और कंधे में तेज दर्द महसूस हुआ। जब उसने शोर मचाया, तो घर के अन्य सदस्य तुरंत जाग गए और कमरे की लाइट जलाई। परिजनों ने देखा कि बिस्तर से कुछ ही दूरी पर एक जहरीला सांप रेंग रहा था।
अस्पताल ले जाने के दौरान रास्ते में तोड़ा दम
घटना के बाद घर में अफरा-तफरी मच गई। परिवार के लोग बिना समय गंवाए गौरी को इलाज के लिए तुरंत घाटशिला अनुमंडल अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार किया, लेकिन महिला की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे बेहतर इलाज के लिए एमजीएम अस्पताल (जमशेदपुर) रेफर कर दिया। दुर्भाग्यवश, जमशेदपुर ले जाने के दौरान रास्ते में ही गौरी की तबीयत और बिगड़ गई और उसने दम तोड़ दिया। एमजीएम अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस की मौजूदगी में हुआ पोस्टमार्टम, बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल
इधर, घटना से आक्रोशित ग्रामीणों और परिजनों ने घर में मौजूद सांप को मार डाला। मामले की सूचना मिलने के बाद पुलिस की मौजूदगी में महिला के शव का पोस्टमार्टम कराया गया, जिसके बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। गौरी की मौत से उसके तीन छोटे बच्चों के सिर से मां का साया उठ गया है, जिनका रो-रोकर बुरा हाल है।
प्रशासन की अपील: मौसम में बरतें सावधानी
इस दुखद घटना के बाद प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है कि गर्मी और आगामी बरसात के मौसम में सांपों का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में लोग जमीन पर सोने से बचें, सोते समय अनिवार्य रूप से मच्छरदानी का प्रयोग करें और रात में उठते समय रोशनी का इंतजाम जरूर रखें। किसी भी आपात स्थिति में झाड़-फूंक के चक्कर में पड़ने के बजाय मरीज को तुरंत नजदीकी सरकारी अस्पताल ले जाएं।


