मुरी : सिल्ली प्रखंड के साहेदा गाँव में पूरी रात जम कर हब्बा डब्बा चला। मेले जैसा महौल था। जिसका आयोजन वहाँ के कमिटी के लोगों ने किया। हलांकि पुरी रात छौ नृत्य भी हुआ। दुसरे दिन सुबह यानि आज गाँव के लोग (फुकुंदी)आग पर नंगे पांव चल कर पुजा पाठ किया।शिव मंदिर में पूजा को लेकर श्रध्लुओं की भीड़ रही। इन सब को करने के लिए छौ नृत्य का आयोजन किया गया । साथ में बड़े पैमाने पर जुआ खेल भी चला। बीती रात लाखों का दान दावं पर लगा।बीच बीच में जुआ खेल के बीच दाव को लेकर बोला- बोली ,गाली -गलौज हो जाता है।पैसे को लेकर झड़प की नौबत तक आ जाती है।इससे आशांति होने का डर बना रहता है।रात से ही अगले दिन की पूजा की तैयारी रहती है इसमें सैकड़ों की संख्या में गाँव की बहु बेटी छौ नृत्य देखने भी आती है। तब भी ऐसे जगहों पर पुलिस कही नही दिखाई देती है।ज्यादातर लोग शराब के नशे में रहे. हब्बा डब्बा को लेकर एक बार शांति समिति की बैठक में बात उठाई गई। तब निर्णय हुआ कि जब भी गाँव में हब्बा डब्बा होगा तो वहा की जबाबदेही कमिटी के लोग होगे।


रिपोर्ट : रिंकी कुमारी
