रांची : भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महानायक, जल-जंगल-जमीन के रक्षक और ‘धरती आबा’ के नाम से विख्यात भगवान बिरसा मुंडा की पुण्यतिथि आज पूरे श्रद्धाभाव के साथ मनाई गई। इस अवसर पर राजधानी रांची के कोकर स्थित उनके समाधि स्थल पर एक भव्य श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया।



गणमान्य हस्तियों ने दी श्रद्धांजलि
कार्यक्रम के दौरान झारखंड के राज्यपाल संतोष गंगवार, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और गांडेय विधायक कल्पना सोरेन ने भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। इस अवसर पर राज्य के अन्य वरिष्ठ अधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित थे।
बलिदान को किया याद
श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद उपस्थित नेताओं ने भगवान बिरसा के संघर्ष और उनके अदम्य साहस को याद किया। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा का जीवन समाज के दबे-कुचले वर्गों को हक दिलाने और विदेशी हुकूमत के खिलाफ संघर्ष का प्रतीक है। उनके आदर्श और विचार आज भी हमें समाज के अंतिम व्यक्ति के उत्थान और न्याय के लिए प्रेरित करते हैं।
प्रेरणा का स्रोत
इस अवसर पर कोकर समाधि स्थल पर पहुंचे लोगों ने ‘धरती आबा’ के अमर बलिदान को नमन किया। भगवान बिरसा मुंडा का संघर्ष केवल इतिहास का पन्ना नहीं, बल्कि आज की पीढ़ी के लिए सामाजिक समरसता और राष्ट्रप्रेम का सबसे बड़ा उदाहरण है। कार्यक्रम के अंत में, उपस्थित सभी लोगों ने उनके दिखाए गए मार्ग पर चलने और झारखंड की प्रगति के लिए समर्पित रहने का संकल्प लिया।



