जमशेदपुर : भालुबासा स्लैग रोड में पैसे के विवाद को लेकर हुए जानलेवा हमले में घायल वेल्डिंग मिस्त्री मो. मुमताज की शुक्रवार को रांची स्थित रिम्स अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया। पोस्टमार्टम के बाद जब देर शाम शव मानगो लाया गया, तो आक्रोशित परिजनों और स्थानीय लोगों ने चेपापुल के पास शव रखकर सड़क जाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने टायर जलाकर विरोध जताया और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी व पीड़ित परिवार को मुआवजा देने की मांग की।



मृतक मो. मुमताज मानगो ओल्ड पुरुलिया रोड नंबर-17 का निवासी था और पिछले करीब दस वर्षों से भालुबासा इलाके में वेल्डिंग मिस्त्री का काम कर अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहा था। परिजनों के अनुसार, 10 मई की रात भालुबासा स्लैग रोड निवासी रोहित मुखी, राजू मुखी समेत तीन-चार युवकों ने पैसे के विवाद में मुमताज पर लोहे की रॉड और बेस बैट से हमला कर दिया था। हमले में वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। पहले उसे टीएमएच में भर्ती कराया गया, जहां से हालत बिगड़ने पर रिम्स रेफर किया गया था।
इलाज के दौरान शुक्रवार को उसकी मौत की खबर मिलते ही परिवार और स्थानीय लोगों में आक्रोश फैल गया। देर रात तक चेपा पुल के पास विरोध प्रदर्शन जारी रहा। मौके पर पहुंची पुलिस ने लोगों को कार्रवाई का आश्वासन देकर किसी तरह मामला शांत कराया। हालांकि कुछ देर बाद फिर लोग जमा हो गये और टायर जलाकर विरोध जताने लगे।
इधर, पुलिस का कहना है कि मामले के मुख्य आरोपी रोहित मुखी और राजू मुखी ने कोर्ट में सरेंडर कर दिया है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश में छापेमारी की जा रही है। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।



