जमशेदपुर : स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) में कार्यरत सुरक्षा कर्मियों को बिना किसी पूर्व सूचना के अचानक नौकरी से हटाए जाने का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। इस फैसले से आक्रोशित और प्रभावित सुरक्षा कर्मचारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने आज झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) युवा मोर्चा के पूर्व जिला अध्यक्ष बब्बन राय से मुलाकात की। कर्मचारियों ने झामुमो नेता को अपनी समस्याओं से अवगत कराते हुए एक ज्ञापन सौंपा और इस संकट की घड़ी में न्याय दिलाने के लिए मदद की गुहार लगाई।



बिना नोटिस हटाए जाने से रोजी-रोटी का संकट
सुरक्षा कर्मियों का आरोप है कि बैंक प्रबंधन ने उन्हें बिना किसी लिखित सूचना या पूर्व नोटिस के अचानक काम पर आने से मना कर दिया। इस तानाशाही रवैये के कारण दर्जनों परिवारों के सामने अचानक रोजी-रोटी का गंभीर संकट खड़ा हो गया है।
“बिना किसी गलती और बिना पूर्व सूचना के हमें नौकरी से निकाल देना पूरी तरह से अन्याय है। हम न्याय के लिए हर स्तर पर आवाज उठाएंगे।” प्रभावित सुरक्षा कर्मी
झामुमो नेता ने आर-पार की लड़ाई का किया ऐलान
कर्मचारियों की पीड़ा सुनने के बाद झामुमो नेता बब्बन राय ने बैंक प्रबंधन के इस कदम की कड़े शब्दों में निंदा की। उन्होंने मजदूरों और कर्मचारियों के हक में खड़े होने का भरोसा दिलाते हुए सीधे तौर पर आंदोलन का बिगुल फूंक दिया है।
बब्बन राय ने घोषणा की है कि इस तानाशाही के खिलाफ और सुरक्षा कर्मियों की ससम्मान वापसी की मांग को लेकर आगामी शुक्रवार को सुबह 10:00 बजे से उपायुक्त (डीसी) कार्यालय के समक्ष एक दिवसीय विशाल धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।
झामुमो नेता ने चेतावनी दी है कि यदि जिला प्रशासन और बैंक प्रबंधन ने सुरक्षा कर्मियों को न्याय नहीं दिया, तो यह आंदोलन और उग्र रूप लेगा। इस बैठक में मुख्य रूप से प्रभावित सुरक्षा कर्मी और झामुमो युवा मोर्चा के कई कार्यकर्ता उपस्थित थे।



