चाईबासा : पश्चिमी सिंहभूम जिले के मुफस्सिल थाना क्षेत्र अंतर्गत चांदमारी गांव में एक युवती द्वारा आत्महत्या किए जाने का मामला सामने आया है। घर में अकेली रहने वाली युवती ने कथित तौर पर कमरे में पंखे से फंदा लगाकर अपनी जान दे दी। घटना की जानकारी मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया, जबकि गांव में शोक की लहर दौड़ गई. मृतका की पहचान चांदमारी निवासी सिया कुमारी के रूप में हुई है। सूचना मिलने पर मुफस्सिल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।



शाम को घर लौटे भाई ने देखा बहन का शव……
मृतका के बड़े भाई विशाल राम ने बताया कि गुरुवार को परिवार के सदस्य अपने-अपने काम में व्यस्त थे। वह सुबह घर से काम पर निकले थे। शाम करीब छह बजे जब घर लौटे तो कमरे में बहन को पंखे से लटका हुआ पाया। यह दृश्य देखकर उनके होश उड़ गए। उन्होंने तत्काल बहन को नीचे उतारा और परिजनों की सहायता से इलाज के लिए सदर अस्पताल, चाईबासा ले गए, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
आत्महत्या के कारणों से अनजान है परिवार……
घटना के बाद परिजन गहरे सदमे में हैं। परिवार का कहना है कि सिया कुमारी ने ऐसा कदम क्यों उठाया, इसकी उन्हें कोई जानकारी नहीं है। परिजनों के अनुसार घर में किसी प्रकार का विवाद, तनाव या अन्य गंभीर समस्या नहीं थी। ऐसे में आत्महत्या की वजह परिवार के लिए भी रहस्य बनी हुई है।
अधिकांश समय घर में रहती थी अकेली……
विशाल राम ने बताया कि उनके पिता संजीत राम का पहले ही निधन हो चुका है। मां मजदूरी और अन्य कार्यों के सिलसिले में अक्सर घर से बाहर रहती हैं, जबकि वह स्वयं टोटो चलाकर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। इसके कारण उन्हें भी दिनभर घर से बाहर रहना पड़ता है। वहीं उनकी पत्नी पिछले करीब दो माह से मायके में रह रही है। ऐसे में सिया कुमारी अधिकांश समय घर में अकेली रहती थी।
सभी पहलुओं पर जांच कर रही पुलिस……
मुफस्सिल थाना पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आत्महत्या के कारणों का पता लगाने के लिए सभी संभावित पहलुओं की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
(यदि आप या आपका कोई परिचित भावनात्मक संकट से जूझ रहा है, तो तुरंत परिवार, मित्रों या मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सहायता लें।)



