जमशेदपुर : नेताजी सुभाष विश्वविद्यालय परिसर में शुक्रवार को शिक्षक दिवस के अवसर पर विशेष समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के वरिष्ठ शिक्षकों को उनके लंबे और समर्पित सेवाकाल के लिए सम्मानित किया गया। वहीं, शिक्षण एवं गैर-शिक्षण कर्मचारियों के लिए विभिन्न सांस्कृतिक और मनोरंजक गतिविधियां आयोजित की गईं।

कार्यक्रम की शुरुआत कुलाधिपति मदन मोहन सिंह, कुलपति प्रो. डॉ. प्रभात कुमार पाणि, रजिस्ट्रार नागेंद्र सिंह, चीफ अकाउंट ऑफिसर वाई. ज्योति, परीक्षा नियंत्रक प्रो. मोजिब अशरफ, अकादमिक एडवाइजर प्रो. दिलीप शोम, डीन एडमिनिस्ट्रेशन डॉ. राकेश कुमार, डीन एकेडमिक अभिनव कुमार समेत अन्य अधिष्ठाताओं, विभागाध्यक्षों एवं फैकल्टी सदस्यों ने पूर्व राष्ट्रपति एवं महान शिक्षाविद् डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर की. इस अवसर पर कुलाधिपति मदन मोहन सिंह ने कहा कि शिक्षक विद्यार्थियों को केवल विषय का ज्ञान नहीं देते, बल्कि उनके व्यक्तित्व, चरित्र और भविष्य के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी विश्वविद्यालय की पहचान उसके शिक्षकों की गुणवत्ता, समर्पण और मूल्यों से होती है। वरिष्ठ शिक्षकों का सम्मान नई पीढ़ी के शिक्षकों और विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
कुलपति प्रो. डॉ. प्रभात कुमार पाणि ने कहा कि शिक्षक दिवस शिक्षकों के योगदान को याद करने के साथ शिक्षा के प्रति जिम्मेदारियों को और मजबूत करने का अवसर है। बदलते शैक्षणिक परिवेश में शिक्षकों को विद्यार्थियों में रचनात्मकता, नैतिक मूल्य, अनुशासन और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करने पर भी ध्यान देना होगा। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय शिक्षकों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने और उनके योगदान को सम्मान देने के लिए लगातार प्रयासरत है. समारोह के बाद आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों में शिक्षकों एवं कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया। विभिन्न मनोरंजक गतिविधियों और प्रस्तुतियों के माध्यम से प्रतिभागियों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम ने विश्वविद्यालय परिसर में सौहार्द, उत्साह और टीम भावना का माहौल बनाया।
