जमशेदपुर : बजरंग सेवा संस्थान के द्वारा जमशेदपुर के वैसे लोगो का अभिनंदन शुरू हुआ जिन्होंने राम मंदिर बनवाने के लिए 90 के दौर से संघर्ष किया है । उसमे अयोध्या जाकर आंदोलन हो, शहर में एक ईट हर घर से जुटाना हो या फिर मंदिर के लिए जनजागरण हो ऐसे सभी सम्मानित लोगो का अभिनंदन शुरू हो गया है । जिसमें पहले दिन जनसंघ समय के जुझारू नायक स्वर्गी मनमोहन चौधरी जी की तस्वीर पर भगवा वस्त्र से अभिनंदन किया गया और सभी समिति के सदस्य उनके परिवार से उनके द्वारा किए गए कार्य को सुने और संकल्प लिया गया कि स्वर्गीय चौधरी जी की सोच को हर युवा अपने भीतर लाकर समाज के लिए कार्य करेगा।
उसके बाद 29 नवंबर 1992 को जमशेदपुर से एक युवा जत्था जो राममंदिर के लिए जमशेदपुर से निकला था उसमे सक्रियता से कार्य करने वाले जो महज़ 16 वर्ष की उम्र में अपने घर से एक गमछा लेकर निकले विद्यापति निवासी राजीव कुमार का अभिनंदन किया गया। राजीव जी ने बताया कि कड़ाके की ठंड अयोध्या में पड़ रही थी एक कैंप में 7 लोग थे और कंबल सिर्फ़ 2 पर श्री राम की कृपा इतनी थी सुबह 4 बजे उठ कर भी सभी आंदोलन में लगे थे और देशभर से जीतने लोग आए थे सभी के हौसले बुलंद थे ऐसा लग रहा था रामायण में जैसे बजरंगबली लंका पर टूट पड़े थे वैसे ही वहा हज़ारो हनुमान आ गए हो।
सौभाग्य है मेरे लिए की में उस आंदोलन मे था और आज जब राम मंदिर को 22 जनवरी को दुनिया देखेगी तो भारत एक मज़बूत देश के रूप में पूरे दुनिया को दिखेगा. बजरंग सेवा संस्थान के संस्थापक सागर तिवारी ने कहा कि 1992 में हमारा जन्म भी नहीं हुआ था पर जो लोग वहा गए उनको सम्मानित करके पूरे संस्थान के लोग गौरव महसूस कर कर रहे है. जो भी लोग उस आंदोलन में सामील थे उनका क़र्ज़ हम युवा कभी नहीं चुका सकते है ये सभी हमारे देश के सदैव आदर्श रहेंगे. ये सम्मान 22 जनवरी तक लगातार जारी रहेगा. इसमें मुख्य रूप से सागर तिवारी, धर्मबीर महतो, प्रदीप सिंह,सूरज तिवारी, अविनाश कुमार एव राकेश पांडेय उपस्थित थे।
Advertisements

Advertisements

Advertisements

