जमशेदपुर : ट्यूब कंपनी स्थित महानंद बस्ती में मंगलवार को उस समय तनाव की स्थिति पैदा हो गई, जब कंपनी के वेंडर सागर राय द्वारा बस्ती के मुख्य आवागमन मार्ग पर बैरिकेडिंग लगाने का प्रयास किया गया। बताया जा रहा है कि कंपनी के आदेश पर टेंडर प्रक्रिया के तहत रास्ता बंद करने की कार्रवाई की जा रही थी।
जैसे ही बैरिकेडिंग का काम शुरू हुआ, स्थानीय बस्तीवासियों ने इसका जोरदार विरोध किया। लोगों का आरोप है कि यह बस्ती का एकमात्र मुख्य रास्ता है, जिसे बंद कर उनके आवागमन को पूरी तरह बाधित करने की कोशिश की गई। विरोध के दौरान माहौल तब और गरमा गया जब वेंडर और उसके कर्मचारियों पर महिलाओं के साथ बदतमीजी, अभद्र भाषा के इस्तेमाल और जान से मारने की धमकी देने के गंभीर आरोप लगे।
बस्तीवासियों का कहना है कि वेंडर सागर राय ने कथित रूप से पूरी बस्ती को तुड़वाने की बात कही, जिससे लोगों में भय और आक्रोश फैल गया। स्थानीय लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि इससे पहले इलाके में लगने वाले सब्जी बाजार को हटाने की कोशिश की गई थी और अब दोबारा रेलिंग लगाकर रास्ता बंद करने का प्रयास किया जा रहा है।
महानंद बस्ती में करीब 2000 लोग निवास करते हैं। लोगों का कहना है कि कंपनी द्वारा बिजली, पानी और सड़क जैसी मूलभूत सुविधाएं दी गई हैं, लेकिन कर्मचारियों के नाम पर आम रास्ता बंद करना अन्यायपूर्ण है। उनका तर्क है कि यदि रास्ता बंद हुआ तो बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ेगा।
घटना के बाद बस्तीवासियों ने साफ चेतावनी दी है कि यदि बैरिकेडिंग की कार्रवाई नहीं रोकी गई तो वे उपायुक्त से मिलकर कंपनी के खिलाफ आधिकारिक शिकायत दर्ज कराएंगे और बड़े स्तर पर आंदोलन करेंगे।
फिलहाल क्षेत्र में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है। प्रशासन की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। अब देखना होगा कि प्रशासन इस विवाद को कैसे सुलझाता है।
