जमशेदपुर : जनहित के विभिन्न मुद्दों को लेकर समय-समय पर टाटा स्टील, यूसीआईएल और रेलवे जैसी बड़ी संस्थाओं के खिलाफ आवाज उठाने वाले जन विकास मंच के प्रमुख एवं पूर्व लोकसभा प्रत्याशी सौरभ विष्णु एक बार फिर चर्चा में हैं। इस बार उन्होंने विरोध के बजाय समाधान और सहयोग का रास्ता अपनाते हुए गांधी घाट के समीप स्थित छोटे बच्चों के दफन स्थल के विकास की पहल की है।



लंबे समय से उक्त स्थल की बदहाल स्थिति को लेकर आवाज उठाने वाले सौरभ विष्णु ने अधिकारियों को पत्र लिखने, संबंधित पक्षों से संवाद स्थापित करने और लगातार प्रयास करने का कार्य किया। उनके प्रयासों का सकारात्मक परिणाम अब सामने आने लगा है।
इसी क्रम में सोमवार को टाटा स्टील कॉरपोरेट कार्यालय एवं टाटा फाउंडेशन के वरिष्ठ अधिकारियों की एक टीम ने सौरभ विष्णु के साथ गांधी घाट के निकट स्थित बच्चों के दफन स्थल का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने स्थल की वर्तमान स्थिति का जायजा लिया तथा वहां मौजूद समस्याओं और आवश्यकताओं की जानकारी प्राप्त की। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने संकेत दिया कि टाटा स्टील की ओर से इस स्थल के विकास की दिशा में पहल की जाएगी, जिससे इसे एक सम्मानजनक और सुव्यवस्थित स्वरूप दिया जा सके।
इस अवसर पर सौरभ विष्णु ने कहा कि लोकतंत्र में किसी भी संस्था या प्रभावशाली संगठन द्वारा जनहित की अनदेखी किए जाने पर उसका लोकतांत्रिक तरीके से विरोध करना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि उन्होंने हमेशा जनता के हितों को प्राथमिकता देते हुए अपनी आवाज बुलंद की है और भविष्य में भी यदि किसी संस्था का कार्य जनहित के प्रतिकूल प्रतीत होगा तो उसका विरोध जारी रहेगा।
उन्होंने कहा कि उनका समर्थन किसी संस्था विशेष के लिए नहीं, बल्कि जनहित और समाज के व्यापक हितों के लिए है। जहां गलत कार्य होगा वहां विरोध किया जाएगा और जहां समाज के हित में कार्य होगा उसका स्वागत किया जाएगा।
सौरभ विष्णु ने कहा कि मानगो बर्निंग घाट के समीप स्थित बाल दफन स्थल का विकास केवल एक स्थान के सौंदर्यीकरण का विषय नहीं है, बल्कि उन परिवारों की भावनाओं और स्मृतियों के सम्मान का प्रश्न है, जिन्होंने अपने मासूम बच्चों को यहां अंतिम विदाई दी है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि इस स्थल को श्रद्धा, शांति और सम्मान का प्रतीक बनाने की दिशा में सार्थक कार्य किया जाएगा।



