जालंधर : पंजाब के जालंधर में महिला चिकित्सक डॉ. मीनाक्षी सूद की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। मृतका के परिजनों ने उनके पति एवं नेशनल आई केयर हॉस्पिटल से जुड़े डॉक्टर पीयूष सूद पर गंभीर आरोप लगाए हैं। परिजनों का दावा है कि डॉ. मीनाक्षी लंबे समय से मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना झेल रही थीं। पुलिस ने परिजनों के बयान के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. परिजनों के अनुसार, डॉ. पीयूष सूद का अस्पताल में कार्यरत एक महिला कर्मचारी के साथ विवाहेतर संबंध था। मृतका के पिता प्रमोद कुमार ने आरोप लगाया कि उनकी बेटी को इस संबंध की जानकारी मिलने के बाद उसने अस्पताल के सीसीटीवी फुटेज की जांच की थी। परिवार का दावा है कि फुटेज में दोनों के बीच करीबी संबंधों के प्रमाण मिले हैं। यह फुटेज पुलिस को भी उपलब्ध कराए जाने की बात कही गई है।



मृतका के परिजनों ने डॉक्टर पीयूष सूद पर मारपीट और जान से मारने की कोशिश के भी आरोप लगाए हैं। पिता का कहना है कि पूर्व में उनकी बेटी का गला दबाने का प्रयास किया गया था। वहीं, मृतका की मां का आरोप है कि मारपीट की घटनाओं के बाद दामाद कई बार फोन कर अपनी गलती स्वीकार करता था. परिवार के मुताबिक, घरेलू विवाद और कथित प्रताड़ना से परेशान होकर डॉ. मीनाक्षी जुलाई 2025 से अपने पति से अलग रह रही थीं। इसी दौरान जब वह नया मकान खरीदने के लिए बैंक पहुंचीं तो उन्हें अपने नाम पर लगभग ढाई करोड़ रुपये के लोन की जानकारी मिली। परिजनों का आरोप है कि इन ऋणों के दस्तावेजों पर उनके हस्ताक्षर तक नहीं थे और उनकी जानकारी के बिना उनके नाम पर कर्ज लिया गया था। आरोप है कि कुछ ऋण वाहन खरीदने और कुछ अस्पताल से जुड़े कार्यों के लिए लिए गए थे।
मृतका के पिता ने बताया कि डॉ. मीनाक्षी और डॉ. पीयूष सूद का विवाह अक्टूबर 2018 में हुआ था। उनका कहना है कि शादी के बाद खरीदी गई थार गाड़ी का लोन भी डॉ. मीनाक्षी के नाम पर लिया गया था और उसकी किस्तों का भुगतान भी वही कर रही थीं. फिलहाल पुलिस मामले की विभिन्न पहलुओं से जांच कर रही है। मृतका की मां का कहना है कि शुरुआती तौर पर मामले को आत्महत्या बताया जा रहा है, लेकिन परिवार को इस पर संदेह है। उनका कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि यह आत्महत्या का मामला है या फिर किसी साजिश के तहत हत्या की गई है। पुलिस ने कहा है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।



