मुरी/मझगांव : झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा, पश्चिमी सिंहभूम, मझगांव विधनसभा स्तरीय बैठक आम बगीचा में आयोजित किया गया. मुख्य अतिथि झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा के संस्थापक प्रधान सचिव पुष्कर महतो ने कहा कि झारखंड आंदोलनकारियों को राजकीय मान सम्मान ,अलग पहचान, बाल बच्चों के लिए रोजी रोजगार नियम नियोजन की सौ प्रतिशत गारंटी तथा जेल जाने की बाध्यता समाप्त करते हुए सभी को सम्मान पेंशन राशि 50-50 हज़ार रु सरकार देने का काम करें . साथ ही सरकार के द्वारा दिए गए आश्वासन पर शीघ्रता शीघ्र कार्रवाई करते हुए सभी को पेंशन और 10 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण लागू करने हेतु गजट नोटिफिकेशन जारी करें.विशिष्ट अतिथि झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा के केन्द्रीय प्रवक्ता मो बारीक ने कहा कि झारखंड आंदोलनकारियों को जो सरकार साथ देगी उसी को झारखंड आंदोलनकारी साथ देगी. झारखंड आंदोलनकारियों के जायज मांगों पर सरकार स्वत: संज्ञान ले. झारखंड आंदोलनकारी अपनी पहचान को मिटने ना दें और अपने स्वाभिमान की रक्षा की लड़ाई के लिए एक और तैयारी करें.

झारखंड आंदोलनकारी बैठक की अध्यक्षता करते हुए सोमनाथ चातर ने कहा कि पश्चिमी सिंहभूम के लोगों ने झारखंड अलग राज्य के आंदोलन में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है लेकिन आज सभी आंदोलनकारी यहां उपेक्षित है. सरकार सभी को मान – सम्मान एवं सम्मान पेंशन दे.कार्यक्रम संयोजक मो शाहिद अंसारी ने कहा कि झारखंड आंदोलनकारी इस राज्य के गौरव है. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन आंदोलनकारी के पुत्र हैं. हेमंत सोरेन से बेहतर आंदोलनकारी का हर दूसरा कौन जानेगा. सभी आंदोलनकारियों को सम्मान दे- सबको पेंशन दे.कार्यक्रम का संचालन मो जारिफ धन्यवाद ज्ञापन रविन्द्र पोलाई ने की. मौके पर अहमद हुसैन, मोहम्मद इस्माइल, समुचरणजराई, पानमति तिरिया, प्रमिला तिरिया ,मो तोफिक अंसारी , सुलेमान हेंब्रम, शब्बीर अहमद, जाकिर हुसैन शकील अहमद, नंदकिशोर तिरिया, मोरंग सिंह जराई,पवित्र जराई, मोहम्मद इस्लामुद्दीन, सुरेंद्र पिंगुवा,सुवरनो हेंब्रम, सनातन पिंगुवा,प्रकाश पिंगुवा,नंदकिशोर पिंगुवा, निराकार पिनगुवा सहित अन्य बड़ी संख्या में आंदोलनकारी उपस्थित थे. अंत में धनंजय पिंगुवा एवं अकील अंसारी के आकस्मिक निधन पर 2 मिनट का मौन धारण कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई.
रिपोर्ट : रिंकी कुमारी



























































