जमशेदपुर : खुद को सामाजिक कार्यकर्ता और जनसरोकारों की आवाज बताने वाले दिनकर कच्छप की गिरफ्तारी के बाद उसके आपराधिक रिकॉर्ड को लेकर कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। पुलिस अभिलेखों के अनुसार दिनकर कच्छप के खिलाफ जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में कुल नौ आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें दंगा, सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाना, मारपीट, सरकारी आदेशों की अवहेलना, सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाना समेत कई गंभीर आरोप शामिल हैं।

सोमवार रात बिष्टुपुर थाना पुलिस ने दिनकर कच्छप को गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद सोशल मीडिया के कुछ प्लेटफॉर्म और उसके समर्थकों द्वारा यह दावा किया जाने लगा कि उसे चांडिल क्षेत्र में हाल के दिनों में उठाए गए जन मुद्दों और आंदोलनों के कारण गिरफ्तार किया गया है। हालांकि पुलिस ने इन दावों को सिरे से खारिज करते हुए इसे भ्रामक और तथ्यहीन बताया है।
पुलिस के अनुसार दिनकर कच्छप की गिरफ्तारी बिष्टुपुर थाना कांड संख्या 02/2025 और 09/2025 में दर्ज मामलों के आधार पर की गई है। दोनों मामलों में वह वांछित आरोपी था और पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी। गिरफ्तारी के बाद उसे न्यायिक प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई के लिए भेज दिया गया।
नौ मामलों में दर्ज है नाम….
पुलिस द्वारा जारी रिकॉर्ड के मुताबिक दिनकर कच्छप के खिलाफ निम्नलिखित मामले दर्ज हैं……
बिरसानगर थाना कांड संख्या 21/2024
सीतारामडेरा थाना कांड संख्या 123/2020
सीतारामडेरा थाना कांड संख्या 133/2023
सीतारामडेरा थाना कांड संख्या 134/2023
गोलमुरी थाना कांड संख्या 14/2023
एमजीएम थाना कांड संख्या 154/2024
एमजीएम थाना कांड संख्या 168/2024
बिष्टुपुर थाना कांड संख्या 02/2025
बिष्टुपुर थाना कांड संख्या 09/2025
इन मामलों में भारतीय दंड संहिता (IPC) और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के अलावा आपदा प्रबंधन अधिनियम, महामारी अधिनियम तथा सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम की धाराएं भी शामिल हैं।
दंगा, अवैध जमावड़ा और सरकारी कार्य में बाधा के आरोप……
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार दिनकर कच्छप पर अवैध जमावड़ा, दंगा, सरकारी आदेशों की अवहेलना, सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न करना, मारपीट और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने जैसे आरोप लगे हैं। वर्ष 2020 से 2025 के बीच जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में दर्ज इन मामलों में कई बार पुलिस कार्रवाई भी हुई है। कुछ मामलों में उसे जमानत मिल चुकी है, जबकि बिष्टुपुर थाना के दो मामलों में गिरफ्तारी की कार्रवाई की गई है।
सोशल मीडिया की छवि बनाम पुलिस रिकॉर्ड……
गिरफ्तारी के बाद अब सोशल मीडिया पर बनाई गई दिनकर कच्छप की छवि और उसके वास्तविक आपराधिक रिकॉर्ड को लेकर नई बहस छिड़ गई है। बीते कुछ वर्षों में कई सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और तथाकथित वैकल्पिक मीडिया मंचों द्वारा उसे सामाजिक न्याय और जनआंदोलनों का प्रमुख चेहरा बताकर पेश किया जाता रहा है। लेकिन पुलिस रिकॉर्ड सार्वजनिक होने के बाद अब यह सवाल उठने लगा है कि एक स्वयंभू सामाजिक कार्यकर्ता की पहचान और उसके खिलाफ दर्ज गंभीर मामलों के बीच वास्तविकता क्या है।
पुलिस ने किया साफ, आंदोलन से नहीं है कोई संबंध…….
पुलिस का स्पष्ट कहना है कि दिनकर कच्छप की गिरफ्तारी पूरी तरह लंबित आपराधिक मामलों में कानूनी प्रक्रिया के तहत की गई है। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि गिरफ्तारी का चांडिल क्षेत्र के किसी हालिया आंदोलन, विरोध प्रदर्शन या विवादित घटनाक्रम से कोई संबंध नहीं है. फिलहाल पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी हुई है। वहीं गिरफ्तारी को लेकर सोशल मीडिया पर प्रसारित दावों और पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज तथ्यों के बीच अंतर को लेकर शहर में चर्चाओं का बाजार गर्म है। अब सबकी नजर आगामी न्यायिक प्रक्रिया और मामले में सामने आने वाले नए तथ्यों पर टिकी हुई है।

