जमशेदपुर : वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) के निर्देश पर गठित जमशेदपुर पुलिस की विशेष टीम ने जुगसलाई थाना क्षेत्र में सक्रिय अवैध हथियार सप्लाई गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए दो सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से एक लोडेड देशी पिस्टल, एक जिंदा कारतूस और दो मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं।



गुप्त सूचना पर त्वरित कार्रवाई
पुलिस को जुगसलाई क्षेत्र में अवैध हथियार की खरीद-बिक्री से जुड़ी एक गुप्त सूचना मिली थी। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक (नगर) के निर्देशन एवं पुलिस उपाधीक्षक (विधि-व्यवस्था) के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी टीम का गठन किया गया। टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए जुगसलाई के गरीब नवाज कॉलोनी स्थित रेलवे पुल के नीचे से दो संदिग्धों को धर दबोचा।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान :
- जाहिद हुसैन उर्फ विक्की (उम्र 25 वर्ष) – गिरोह का सक्रिय सदस्य (मध्यस्थ)
- मो. रेहान हुसैन (उम्र 19 वर्ष) – हथियार खरीदने वाला
झाड़ियों से बरामद हुआ हथियार
कड़ाई से की गई पूछताछ में दोनों आरोपियों ने अवैध हथियार नेटवर्क में अपनी संलिप्तता स्वीकार की। उनकी निशानदेही पर पुलिस ने नदी किनारे रेलवे पुल के नीचे झाड़ियों में छिपाकर रखा गया एक लोहे का देशी पिस्टल और 7.65 एमएम का एक जिंदा कारतूस बरामद किया। इसके साथ ही आरोपियों के पास से दो मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं।
40 से 60 हजार में होती थी डील, मुख्य आरोपी का पुराना आपराधिक इतिहास
पूछताछ के दौरान मुख्य आरोपी जाहिद हुसैन उर्फ विक्की ने खुलासा किया कि गिरोह के सप्लायर एक देशी पिस्टल के लिए 40,000 से 60,000 रुपये तक वसूलते थे। विक्की इस नेटवर्क में सप्लायरों और अपराधियों के बीच बिचौलिए (मध्यस्थ) का काम करता था। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, जाहिद हुसैन पर पहले भी आर्म्स एक्ट और मारपीट के कई आपराधिक मामले दर्ज हैं।
कानूनी कार्रवाई और आगे की जांच
इस पूरे मामले को लेकर जुगसलाई थाना में कांड संख्या 44/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) और आर्म्स एक्ट की सुसंगत धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है।सिटी एसपी (जमशेदपुर) सुनील कुमार मीणा ने बताया कि यह मामला एक संगठित हथियार सप्लाई नेटवर्क से जुड़ा हुआ है। गिरोह के मुख्य सप्लायरों और अन्य खरीदारों की पहचान कर ली गई है, और पूरे सिंडिकेट को ध्वस्त करने के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है।



