रांची : झारखंड में राशन कार्ड बनवाने, पुराने राशन कार्ड में नाम जोड़ने-हटाने या किसी तरह का संशोधन कराने वालों के लिए प्रक्रिया अब पहले से अधिक सख्त कर दी गई है। खाद्य आपूर्ति विभाग ने राशन कार्ड पोर्टल में कई महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं। नई व्यवस्था के तहत अब केवल एड्रेस प्रूफ के आधार पर राशन कार्ड बनवाना या उसमें संशोधन कराना संभव नहीं होगा। आवेदन के दौरान निर्धारित दस्तावेजों को अपलोड करना अनिवार्य कर दिया गया है।

छह दस्तावेजों के बिना आगे नहीं बढ़ेगा आवेदन…….
नया राशन कार्ड बनवाने अथवा पुराने कार्ड में संशोधन के लिए आवेदक को अब छह प्रमुख दस्तावेज पोर्टल पर अपलोड करने होंगे। इनमें घर की फोटो, आवेदक का आधार कार्ड, निवास प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, बैंक खाते का विवरण और पासपोर्ट साइज फोटो शामिल हैं। इनमें से कोई भी जरूरी दस्तावेज उपलब्ध नहीं होने पर ऑनलाइन आवेदन आगे नहीं बढ़ सकेगा।
परिवार के हर सदस्य का जन्म प्रमाण पत्र जरूरी……
राशन कार्ड में शामिल परिवार के प्रत्येक सदस्य के दस्तावेजों को लेकर भी नियम कड़े किए गए हैं। अब हर सदस्य का जन्म प्रमाण पत्र देना अनिवार्य होगा। यदि किसी सदस्य का जन्म प्रमाण पत्र उपलब्ध नहीं है तो उसके स्थान पर मैट्रिक का प्रमाण पत्र मान्य किया जाएगा. विभाग की इस व्यवस्था का उद्देश्य राशन कार्ड में गलत उम्र दर्ज करने, फर्जी नाम जोड़ने अथवा एक ही व्यक्ति की अलग-अलग स्थानों पर प्रविष्टि जैसी गड़बड़ियों पर रोक लगाना है।
आय, मकान और कमरों की जानकारी भी देनी होगी……
नई व्यवस्था में आवेदक से सिर्फ परिवार के सदस्यों की जानकारी ही नहीं ली जाएगी, बल्कि परिवार की आय के स्रोत, मकान पक्का है या नहीं, घर में कितने कमरे हैं और टैक्स भुगतान से संबंधित जानकारी भी दर्ज करनी होगी। इन जानकारियों के माध्यम से विभाग आवेदन में दर्ज पारिवारिक और आर्थिक स्थिति का सत्यापन कर सकेगा।
हर सदस्य के मोबाइल पर आएगा OTP……
राशन कार्ड की प्रक्रिया में डिजिटल सत्यापन को भी अनिवार्य किया गया है। कार्ड में शामिल प्रत्येक सदस्य का अलग मोबाइल नंबर दर्ज करना होगा। संबंधित मोबाइल नंबर पर OTP भेजा जाएगा और उसका सत्यापन होने के बाद ही आवेदन प्रक्रिया आगे बढ़ सकेगी। किसी सदस्य का मोबाइल नंबर या OTP सत्यापन पूरा नहीं होने पर आवेदन अटक सकता है।
e-KYC के बाद होगा घर का भौतिक सत्यापन…….
नया राशन कार्ड जारी कराने अथवा पुराने कार्ड में नाम जोड़ने, हटाने या संशोधन कराने से पहले संबंधित जन वितरण प्रणाली (PDS) डीलर के पास e-KYC कराना जरूरी होगा। इसके बाद विभाग की ओर से आवेदक के घर की फोटो और जमा किए गए दस्तावेजों का भौतिक सत्यापन किया जाएगा. भौतिक सत्यापन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही राशन कार्ड जारी करने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।
फर्जी राशन कार्ड पर लगाम लगाने की तैयारी……
खाद्य आपूर्ति विभाग की नई व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य राशन कार्ड से जुड़े फर्जीवाड़े और अपात्र लाभार्थियों की पहचान पर रोक लगाना है। आधार कार्ड, जन्म प्रमाण पत्र, मोबाइल OTP, e-KYC और घर के भौतिक सत्यापन को एक साथ जोड़कर लाभार्थी की पहचान और वास्तविक निवास की कई स्तरों पर जांच की जाएगी. यानी अब राशन कार्ड बनवाने या उसमें किसी तरह का बदलाव कराने के लिए सिर्फ आवेदन करना पर्याप्त नहीं होगा। आवेदक को जरूरी दस्तावेजों के साथ परिवार के प्रत्येक सदस्य की सही जानकारी, मोबाइल सत्यापन और e-KYC की प्रक्रिया भी पूरी करनी होगी।
